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Welcome to Prashant Publications
| INTERNATIONAL | XS | S | M | L | XL | XXL | XXXL |
|---|---|---|---|---|---|---|---|
| EUROPE | 32 | 34 | 36 | 38 | 40 | 42 | 44 |
| US | 0 | 2 | 4 | 6 | 8 | 10 | 12 |
| CHEST FIT (INCHES) | 28" | 30" | 32" | 34" | 36" | 38" | 40" |
| CHEST FIT (CM) | 716 | 76 | 81 | 86 | 91.5 | 96.5 | 101.1 |
| WAIST FIR (INCHES) | 21" | 23" | 25" | 27" | 29" | 31" | 33" |
| WAIST FIR (CM) | 53.5 | 58.5 | 63.5 | 68.5 | 74 | 79 | 84 |
| HIPS FIR (INCHES) | 33" | 34" | 36" | 38" | 40" | 42" | 44" |
| HIPS FIR (CM) | 81.5 | 86.5 | 91.5 | 96.5 | 101 | 106.5 | 111.5 |
| SKORT LENGTHS (SM) | 36.5 | 38 | 39.5 | 41 | 42.5 | 44 | 45.5 |
आणि लोकशाही विकेंद्रीकरण : प्रा. पी. एच. सूर्यवंशी, 4) पंचायतीराज आणि लोकशाही विकेंद्रीकरण : एक चिकित्सक अभ्यास : डॉ. पंडित शेषराव नलावडे, 5) पंचायत राज आणि ग्रामीण पायाभूत सुविधांचा विकास : डॉ. रवींद्र पांडुरंग भणगे, 6) पंचायत राज आणि ग्रामीण मूलभूत सुविधांचा विकास : प्रा. डॉ. विलास आघाव, 7) पंचायतराज आणि ग्रामीण नेतृत्व विकास : प्रा. डॉ. हेमलता भावसार, 8) प्राचीन भारतातील लोकसत्ताक स्वराज्य संस्थांचा उद्गम व विकास : डॉ. बी. एस. वझिरे, 9) ग्रामीण पायाभूत सुविधांच्या विकासाचा आढाव : डॉ. ज्ञानेेशर यावले, 10) पंचायत राज व्यवस्थेत ग्रामीण विकासाची समीक्ष : डॉ. वकील ताज शेख, 11) ग्रामीण विकासाविषयीचे राष्ट्रसंत तुकडोजी महाराज यांचे विचार : डॉ. सौ. माधुरी भटकर, 12) ग्रामीण विकासात पंचायत राज व्यवस्थेचे योगदान : प्रा. डॉ. व्ही. एस. इंगळे, 13) पंचायत राज आणि ग्रामीण सक्षमीकरणाकडे वाटचाल : प्रा. प्रशांत दि. सातपुते, 14) पंचायती राज आणि लोकशाही विकेंद्रीकरण (विशेष संदर्भ महाराष्ट्र) : प्रा. आर.जी. बांबोळे, 15) लोकशाही विकेंद्रीकरणाचे प्रभावी साधन : पंचायतीराज व्यवस्था : प्रा. डॉ. योगेश दा. उगले, 16) ग्रामसभेतील व्यावहारीक अडचणी व त्यावरील उपाय : प्रवीण जयकृष्ण गुल्हाने, 17) पंचायत राज आणि तरुण नेतृत्व : प्रा. सुधीर बानुबाकोडे, 18) पंचायत राजव्यवस्था आणि लोकशाही विकेंद्रीकरण : प्रा. सौ. अनिता जयकिरण तिडके, 19) पंचायत राज आणि ग्रामीण विकास : प्रा. डॉ. संध्या गो. चर्जन, 20) पंचायत राज आणि ग्रामीण नेतृत्व विकास : प्रा. अनिल रा. कडू, 21) पंचायत राज आणि ग्रामीण विकास : प्रा. प्रिया भा. बोचे, 22) पंचायत राज आणि ग्रामीण विकास : प्रा. व्ही. एच. भटकर, 23) पंचायत राज आणि ग्रामसक्षमीकरण : प्रा. सुनीता दी. श्रीखंडे, 24) पंचायत राज व लोकशाहीचे विकेंद्रीकरण : प्रा. मनिषा यादव, 25) भारतीय महिलांची राजकीय जागृती आणि सशक्तीकरण : प्रा. नि. र. निंंबाळकर, 26) पंचायत राज : ग्रामीण विकासाचे मुख्य साधन : प्रा. बी. जी. जोगदंड, 27) पंचायत राज आणि लोकशाही विकेंद्रीकरण : प्रा. रतन व्ही. राठोड, 28) पंचायतराज व ग्राम सक्षमीकरण (स्वर्णजयंती ग्राम स्वयंरोजगार योजना) : प्रा. संजय पी. हराळे, 29) पंचायत राज आणि ग्रामीण विकास : प्रा. किशोर साबळे, 30) पंचायतीराज आणि ग्राम सक्षमीकरण : प्रा. कविता इंगळे, 31) पंचायत राज व ग्रामीण नेतृत्व : प्रा. रवि सोपान डाखोरे, 32) पंचायत राज आणि लोकशाही विकेंद्रीकरण : प्रा. सुनिल चकवे, 33) स्वयंसाहाय्यता गट : ग्रामीण विकास : डॉ. माया वाटाणे, 34) कायद्यात्मक तरतुदी आणि 73वी घटनादुरुस्ती : प्रा. दिनेश च. निकाळजे, 35) पंचायत राज आणि ग्रामीण विकास : प्रा. पुरुषोत्तम रा. बांडे, 36) पंचायत राज व्यवस्था व महिला नेतृत्वाचा विकास : प्रा. कु. एस. जी. भांगडिया